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04/02/2026 7:57 am

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पूर्व रेलवे मालदा मंडल में सम्मानित हुए उत्कृष्ट कर्मचारी

पूर्व रेलवे के मालदा मंडल कार्यालय द्वारा हिंदी में उत्कृष्ट कार्य करने वाले कर्मचारियों को सम्मानित करने के लिए विशेष पुरस्कार वितरण समारोह का आयोजन

उत्तराखंड के पंच केदार: आस्था, रहस्य और हिमालय की दिव्यता का अद्भुत संगम

उत्तराखंड की पवित्र भूमि को देवभूमि यूं ही नहीं कहा जाता। यहां की हर घाटी, हर पर्वत और हर नदी में आध्यात्मिक चेतना प्रवाहित होती

‘औरत को दिमाग नहीं है’ : डौली कुमारी की कविताओं में स्त्री चेतना की मुखर आवाज

‘औरत को दिमाग नहीं है’ शीर्षक सुनते ही पाठक के मन में एक तीखा सवाल उठता है। यह वाक्य सदियों से समाज में गढ़ी गई

इस देश में पुरुषों का पड़ा अकाल, महिलाएं किराए पर ले रही हैं ‘पति’

यूरोप का छोटा सा देश लातविया अपनी प्राकृतिक सुंदरता, साफ-सुथरे शहरों और समझदार महिलाओं के लिए जाना जाता है। यहां की महिलाएं न केवल खूबसूरत

Skiing Danger: क्यों जानलेवा है स्कीइंग? वेदांता ग्रुप के वारिस की मौत ने खोली सच्चाई

एक पिता का सबसे स्याह दिन और देश का गहरा शोक 71 वर्षीय बिहार के लाल और देश के जाने-माने उद्योगपति अनिल अग्रवाल अपने जीवन

रांची के पुंदाग में श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा का भव्य शुभारंभ

रांची के पुंदाग स्थित श्री राधा कृष्ण प्रणामी मंदिर में श्री कृष्णा में सेवा धाम ट्रस्ट के तत्वावधान में आयोजित तीन दिवसीय श्रीमद् भागवत कृष्ण

श्री राधा कृष्ण प्रणामी मंदिर में श्रीमद् भागवत कृष्ण कथा 2026

आज के तेज़ रफ्तार और भौतिक जीवन में मनुष्य बाहरी उपलब्धियों के पीछे दौड़ते हुए आंतरिक शांति से दूर होता जा रहा है। तनाव, असंतोष

गंगासागर मेला 2026: पूर्व रेलवे की व्यापक यात्री-अनुकूल तैयारियाँ

हर वर्ष मकर संक्रांति के पावन अवसर पर आयोजित होने वाला गंगासागर मेला भारत के सबसे बड़े और महत्वपूर्ण धार्मिक आयोजनों में से एक है।

रांची में मानवता की मिसाल: दिव्यांग व निराश्रितों के लिए अन्नपूर्णा सेवा

समाज में जब स्वार्थ, भागदौड़ और उपेक्षा बढ़ती जा रही हो, ऐसे समय में मानव सेवा के कार्य आशा की किरण बनकर सामने आते हैं।

एकीकृत वार्षिक अवकाश तालिका–2026 पर उर्दू शिक्षक संघ का विरोध

 रांची-वार्षिक अवकाश तालिका किसी भी शिक्षा व्यवस्था की रीढ़ होती है, क्योंकि इसके माध्यम से विद्यालयों में शैक्षणिक गतिविधियों, परीक्षाओं, पाठ्यक्रम पूर्णता और सामाजिक-सांस्कृतिक संतुलन